भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार 01-01-2027 को अर्हता तिथि मानते हुए निर्वाचक नामावलियों के संक्षिप्त पुनरीक्षण तथा पोलिंग स्टेशनों के रेशनलाइजेशन (पुनर्व्यवस्थीकरण) संबंधी एक उच्च स्तरीय बैठक आज जिला प्रशासनिक परिसर में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त-सह-जिला निर्वाचन अधिकारी, अमृतसर श्री दलविंदरजीत सिंह, आईएएस ने की।

बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त श्रीमती पल्लवी मिश्रा, आईएएस, चुनाव तहसीलदार श्री राजिंदर सिंह, सभी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, चुनाव कानूनगो तथा विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इनमें भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी, आम आदमी पार्टी तथा बहुजन समाज पार्टी के प्रतिनिधि शामिल थे, जिन्होंने रेशनलाइजेशन प्रक्रिया संबंधी अपने महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए।
बैठक को संबोधित करते हुए उपायुक्त श्री दलविंदरजीत सिंह ने कहा कि पोलिंग स्टेशनों के रेशनलाइजेशन का मुख्य उद्देश्य मतदाताओं को उनके निवास स्थान के निकट मतदान की सुविधा उपलब्ध कराना तथा निर्वाचन प्रक्रिया को अधिक सुचारु, पारदर्शी एवं मतदाता-अनुकूल बनाना है।
उन्होंने बताया कि बैठक के दौरान जिले के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में नए पोलिंग स्टेशन स्थापित करने, जर्जर भवनों में संचालित पोलिंग स्टेशनों को अधिक उपयुक्त स्थानों पर स्थानांतरित करने तथा पोलिंग स्टेशनों के नामकरण (Nomenclature) में आवश्यक संशोधन संबंधी तैयार किए गए प्रारंभिक प्रस्तावों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।

जिला निर्वाचन अधिकारी ने प्रस्तावित पोलिंग स्टेशनों की सूची राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ साझा करते हुए उनसे आग्रह किया कि वे इन प्रस्तावों का गंभीरता से परीक्षण करें। यदि किसी पोलिंग स्टेशन की दूरी, स्थान अथवा भवन संबंधी कोई आपत्ति या सुझाव हो तो निर्धारित समयावधि के भीतर अपने लिखित सुझाव जिला निर्वाचन कार्यालय को उपलब्ध कराएं, ताकि नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
उपायुक्त ने सभी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे पोलिंग स्टेशनों का व्यक्तिगत रूप से निरीक्षण कर वहां रैंप, पेयजल, बिजली तथा शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करें, ताकि प्रत्येक मतदाता, विशेषकर दिव्यांगजन एवं वरिष्ठ नागरिकों को मतदान के दौरान किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
बैठक के अंत में उपस्थित राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए विश्वास दिलाया कि वे मतदाताओं की सुविधा तथा निर्वाचन प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी एवं निष्पक्ष बनाने के लिए प्रशासन को हरसंभव सहयोग प्रदान करेंगे।





