नई दिल्ली नितिन : अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव और होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को लेकर अनिश्चितता के कारण ग्लोबल ऑयल मार्केट में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। 17 अगस्त को ब्रेंट क्रूड की कीमत बढ़कर 89 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गई, जबकि WTI क्रूड 83 डॉलर प्रति बैरल के आसपास ट्रेड कर रहा था।
सरकार ने 14 अगस्त से पेट्रोलियम उत्पादों पर एक्सपोर्ट लेवी (निर्यात शुल्क) कम कर दी है। पेट्रोल पर एक्सपोर्ट ड्यूटी 3.5 रुपये प्रति लीटर से घटाकर शून्य कर दी गई है। डीज़ल पर एक्सपोर्ट ड्यूटी 25.5 रुपये प्रति लीटर से घटाकर 24 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है, जबकि ATF पर लेवी 22 रुपये प्रति लीटर से घटाकर 19.5 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है। हालांकि, यह बदलाव भारत से एक्सपोर्ट किए जाने वाले पेट्रोलियम उत्पादों पर लागू होता है। यह सीधे तौर पर पेट्रोल पंपों पर ग्राहकों द्वारा चुकाई जाने वाली कीमत तय नहीं करता है।
17 अगस्त पेट्रोल-डीज़ल की कीमतें
17 अगस्त को भारत के प्रमुख शहरों में पेट्रोल और डीज़ल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ। 25 मई को सरकारी तेल मार्केटिंग कंपनियों द्वारा किए गए आखिरी बड़े बदलाव के बाद से कीमतें काफी हद तक स्थिर रही हैं। इसलिए, एक्सपोर्ट लेवी में कटौती के बावजूद, ग्राहकों को फ्यूल स्टेशनों पर कोई तत्काल राहत नहीं मिली है।
भारत के 15 प्रमुख शहरों में ईंधन की कीमतें
शहर पेट्रोल (रु./लीटर) डीजल (रु./लीटर)
नोएडा 101.96 95.44
लखनऊ 102.31 95.79
नई दिल्ली 102.12 95.20
मुंबई 111.21 97.83
बेंगलुरु 111.68 99.56
कोलकाता 113.51 99.82
चेन्नई 107.76 99.55
हैदराबाद 115.69 103.82
पुणे 111.78 98.44
अहमदाबाद 101.81 97.92
जयपुर 113.19 98.25
चंडीगढ़ 101.54 89.47
पटना 114.35 99.36
भोपाल 115.39 100.46
सूरत 101.81 97.82
पेट्रोल-डीजल की कीमतें कम होंगी?
जानकारों के अनुसार, अभी पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में तुरंत कटौती का कोई सीधा संकेत नहीं है। ग्राहकों को कोई राहत मिलेगी या नहीं, यह काफी हद तक इस बात पर निर्भर करेगा कि आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें कैसी रहती हैं और क्या भू-राजनीतिक तनाव कम होता है। अगर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव और बढ़ता है या होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से तेल की सप्लाई में और रुकावट आती है, तो कच्चे तेल की कीमतें ऊंची बनी रह सकती हैं।









