पंजाब भाजपा की स्टेट सेक्रेटरी और दीनानगर विधानसभा प्रभारी रेनू कश्यप का एक वीडियो सामने आया है जिसमें वह कहती हुई सुनाई दे रही है कि एस.आई.आर करवा लो 20 से 25 हज़ार वोट कटवा लो और अपना एमएलए बना लो। इस वीडियो के सामने आने के बाद रेनू ने सफाई दी, उन्होंने कहा कि इस वीडियो को तोड़ मरोड़ कर पेश किया गया है। उधर एसडीएम ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है यह वीडियो 2 जुलाई को दीनानगर में हुए कार्यकर्ता सम्मेलन का बताया जा रहा है यह नहीं वीडियो कार्यकर्ता सम्मेलन में किसी बीजेपी वर्कर ने ही रिकॉर्ड किया था। इसे कांग्रेसी वर्करो की ओर से व्हाट्सएप पर शेयर किया गया। दीनानगर से कांग्रेस की विधायक अरुणा चौधरी ने मुख्य चुनाव अधिकारी आनंदिता मित्रा को शिकायत दी है और आपको बता दें प्रदेश में 25 जून से स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन एस.आई.आर अभियान चल रहा है इसके तहत बूथ लेवल ऑफिसर बीएलो घर -घर जाकर मतदाताओं को ईन्यूमरेशन फार्म उपलब्ध करा रहे हैं।
जानते हैं विधायक की शिकायत की अहम बातें
20 से 25 हज़ार वोट कटवाने की बात कही विधायक ने शिकायत में लिखा कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कथित तौर पर रेनू कश्यप दीनानगर विधानसभा क्षेत्र में चल रहे SIR अभियान के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं से 20 से 25 हज़ार वोट कटवाने की बात कह रहे हैं ताकि भविष्य के चुनाव में जीत मुमकिन की जा सके यही नहीं चुनावी प्रक्रिया पर उठएंगे सवाल शिकायत में कहा गया है कि यदि वीडियो सही पाया जाता है तो चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़े हो सकते हैं। साथ ही यह मतदाता सूची तैयार करने की वैधानिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप को बढ़ावा देने जैसा हो सकता है। प्रत्येक पात्र नागरिक को मतदाता सूची में शामिल होने का संविधान एक कानूनी अधिकार है जिसे केवल कानून के तहत प्रक्रिया के अनुसार ही हटाया जा सकता है। आपको बता दें राजनीतिक दबाव में काम ना करें अफसर चुनाव अधिकारी से वायरल वीडियो की सत्यता की जांच कराने ऐसा अभियान को जनप्रतिनिधि अधिनियम 1950 रजिस्ट्रेशन ऑफ इलेक्टर्स रूल्स 1960 और चुनाव आयोग के दिशा निर्देशों के अनुरूप संचालित करने की मांग की गई है। साथ ही यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया है कि SIR ड्यूटी में तैनात अधिकारी किसी भी राजनीतिक दबाव से मुक्त होकर निष्पक्ष तरीके से कम करें।

असली वोटरों के नाम ना हटे इसके अलावा शिकायत में मांग की गई है कि किसी भी वास्तविक मतदाता का नाम बिना कानूनी प्रक्रिया के मतदाता सूची से न हटाया जाए निष्पक्ष और प्रदेश की मतदाता सूची ही लोकतांत्रिक चुनाव की आधारशीला है इसलिए मामले में प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
भाजपा नेता रेनू कश्यप ने दी अपनी सफाई
रेनू कश्यप ने मंगलवार को कहा कि विपक्षी पार्टियों और शरारती तत्वों द्वारा इस वीडियो को तोड़ मरोड़ कर पेश किया जा रहा है उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कोई सार्वजनिक बयान नहीं था बल्कि पार्टी के अंदरूनी कार्यकर्ताओं और सदस्यों के साथ एक निजी बैठक थी यही नहीं उन्होंने बताया कि इस बैठक का मुख्य उद्देश्य विधानसभा क्षेत्र के लोगों को वोट बनाने की प्रक्रिया के बारे में जागरूक करना था वोट काटने वाले बयान पर विस्तार से बताते हुए कश्यप ने कहा कि उनका इशारा केवल उन वोटो की ओर था जो गलत या गैरकानूनी तरीके से नियमों का उल्लंघन करके बनाए जाते हैं। उन्होंने एक से ज्यादा जगह पर बने नकली वोटो को हटाने की बात कही और 20 25000 वोट काटे जाने के आंकड़े को पूरी तरह से खारिज किया रेनू ने कहा कि ऐसे बयान से मॉडर्न टेक्नोलॉजी AI वीडियो एडिटिंग के जरिए काटने और छेड़छाड़ करने का पूरा डर रहता है जिसकी वह जांच भी करवाएंगे।
वीडियो की जांच करवाएंगे अधिकारी
दूसरी तरफ दीनानगर के एसडीएम गगनदीप सिंह ने कहा कि यह वीडियो उनके ध्यान में आया है उन्होंने कहा कि एडमिनिस्ट्रेशन इस वीडियो की जांच कर रहा है कि यह असली है या इसके साथ कोई छेड़छाड़ की गई है इसके अलावा एडमिनिस्ट्रेशन इस वीडियो के बारे में रेणुका से जवाब भी मांग रहा है ताकि इसका असली मतलब समझा जा सके यही नहीं उन्होंने कहा कि उन्हें इस मामले पर कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है लेकिन वह मोटार नोटिस लेकर मामले की जांच कर रहे हैं जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके अनुसार उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






