मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार के “मिशन स्वच्छ पंजाब” को जमीनी स्तर पर लागू करते हुए स्थानीय निकाय मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने मंगलवार तड़के 1 बजे अमृतसर के परकोटा क्षेत्र की गलियों में पैदल चलकर नव आरंभित रात्रिकालीन सफाई अभियान का निरीक्षण किया।
मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा, “अमृतसर केवल एक शहर नहीं, बल्कि आध्यात्मिकता का केंद्र है।” उन्होंने बताया कि अब पहली बार सफाई कार्य केवल दिन के समय तक सीमित नहीं रहेगा। प्रतिदिन रात 10 बजे से प्रातः 2 बजे तक विशेष सफाई पाली चलाई जा रही है ताकि श्री हरिमंदिर साहिब में अमृत बेला के दर्शन के लिए आने वाली संगत को स्वच्छ और साफ-सुथरी सड़कें मिल सकें।
सफाई अभियान का जायजा लेने के बाद मंत्री ने कहा कि यह केवल एक रात का कार्यक्रम नहीं है। उन्होंने कहा कि वे किसी भी रात औचक निरीक्षण करेंगे ताकि पवित्र शहर की स्वच्छता सुनिश्चित की जा सके।

स्थानीय निकाय मंत्री ने परकोटा क्षेत्र में कई घंटे बिताए और श्री दरबार साहिब के आसपास के इलाकों का पैदल दौरा किया। उन्होंने द्वितीयक कूड़ा संग्रहण स्थलों की सफाई का निरीक्षण किया, संकरी गलियों में घर-घर कूड़ा संग्रहण व्यवस्था की निगरानी की और बताया कि पहले चिन्हित किए गए खुले कूड़ा फेंकने वाले स्थलों को समाप्त कर दिया गया है। उन्होंने रात्रि ड्यूटी पर तैनात सफाई कर्मचारियों से बातचीत कर उनकी समस्याओं की भी जानकारी ली।
बैंस ने कहा कि विरासत मार्ग अपनी पुरानी चमक फिर प्राप्त करेगा और परकोटा क्षेत्र के महत्वपूर्ण इलाकों में प्रतिदिन सफाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि जब कूड़े के ढेर समाप्त हो जाएंगे तो आवारा पशु भी सड़कों से दूर हो जाएंगे।
उन्होंने जोर देते हुए कहा, “मैं इस पवित्र शहर की सड़कों पर एक भी कागज़ का टुकड़ा, लिफाफा या प्लास्टिक की बोतल नहीं देखना चाहता।” उन्होंने कहा कि नगर निगम की टीमें रात 10 बजे से 2 बजे तक सफाई करती हैं, लेकिन जब लोग अपनी बालकनियों और छतों से कूड़ा सड़कों पर फेंकते हैं तो उनकी मेहनत व्यर्थ हो जाती है।

उन्होंने कहा, “जब पूरा शहर सो रहा होता है, तब सफाई कर्मचारी अपना कर्तव्य निभा रहे होते हैं। कम से कम हमारा यह दायित्व बनता है कि हम अपने घरों की खिड़कियों और बालकनियों से सड़कों पर कूड़ा न फेंकें।”
बैंस ने कहा कि अमृतसर की सफाई केवल एक नागरिक जिम्मेदारी नहीं है। गुरुओं की इस पवित्र नगरी की सेवा करना हमारे लिए सेवा-भावना का प्रतीक है।
इसके साथ ही स्थानीय निकाय मंत्री आज सुबह 8 बजे से ही स्थानीय विधायक, महापौर, आयुक्त और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ क्षेत्र में मौजूद रहे। उन्होंने घर-घर जाकर निरीक्षण किया, लोगों की समस्याएं सुनीं और मौके पर ही अधिकारियों को निर्देश जारी कर समस्याओं के समाधान सुनिश्चित किए।
उन्होंने कहा कि “मिशन स्वच्छ पंजाब” कार्यालयों में बैठकर नहीं, बल्कि सड़कों पर उतरकर चलाया जा रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे उनके रात्रिकालीन निरीक्षण के वीडियो को अधिक से अधिक साझा करें ताकि सामूहिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत किया जा सके।

उन्होंने कहा, “लोगों के सहयोग के बिना यह अभियान सफल नहीं हो सकता। अमृतसर जितना अधिक स्वच्छ होगा, उतने ही अधिक श्रद्धालु और पर्यटक यहां आएंगे।”
इस अवसर पर अमृतसर केंद्रीय के विधायक डॉ. अजय गुप्ता, नगर निगम अमृतसर के महापौर जतिंदर सिंह मोती भाटिया, उपायुक्त दलविंदरजीत सिंह, नगर निगम आयुक्त बिक्रमजीत सिंह शेरगिल, पुलिस आयुक्त गुरप्रीत सिंह भुल्लर, नगर सुधार न्यास अमृतसर के अध्यक्ष करमजीत सिंह रिंटू सहित अन्य अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।












