यात्रियों की सुरक्षा एवं सहायता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का परिचय देते हुए उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के बाबतपुर स्टेशन पर स्टेशन मास्टर की सूझबूझ एवं त्वरित कार्रवाई से ट्रेन से गिरा एक बालक सकुशल अपने परिजनों से मिल गया।
दिनांक 30 जुलाई, 2026 को बाबतपुर स्टेशन पर रात्रि पाली में (0-8) ड्यूटी के दौरान लगभग 01:04 बजे गाड़ी संख्या 14261 गया जं. से लखनऊ एकात्मता एक्सप्रेस बाबतपुर स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 02 पर ACP(अलार्म चेन पुलिंग) मे खड़ी हुई । इसी दौरान एक परिवार रोते-बिलखते स्टेशन मास्टर चंद्रेश कुमार सिंह के पास पहुंचा और बताया कि उनका बच्चा बाबतपुर स्टेशन से लगभग तीन-चार किलोमीटर पीछे चलती ट्रेन से गिर गया है।
सूचना मिलते ही स्टेशन मास्टर द्वारा तत्काल स्थिति की गंभीरता को देखते हुए संबंधित नियंत्रण कार्यालय एवं रेल कर्मचारियों को सूचित किया गया। इसी बीच गाड़ी संख्या 12392 श्रमजीवी एक्सप्रेस नई दिल्ली से राजगीर के लोको पायलट को आवश्यक सतर्कता बरतने हेतु कॉशन दिया गया। किलोमीटर संख्या 788/01 के पास लोको पायलट की नजर बालक पर पड़ी, जो गिरने के बाद ट्रैक के किनारे सुरक्षित स्थान पर जाकर बैठ गया था। लोको पायलट ने तत्काल बालक को अपने संरक्षण में लिया। कुछ ही देर में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के जवान मौके पर पहुंच गए, जिन्हें लोको पायलट द्वारा बालक सुरक्षित सुपुर्द कर दिया गया।
इसके उपरांत गाड़ी संख्या 22355 पाटलिपुत्र-चंडीगढ़ सुपरफास्ट एक्सप्रेस को भी कॉशन देकर उक्त स्थान पर रोका गया, जिससे बालक को बाबतपुर स्टेशन लाया गया और उसके परिजनों को सकुशल सौंप दिया गया। बालक की पहचान आयुष चौहान (18 वर्ष), पुत्र श्री शिव कुमार चौहान, निवासी ग्राम अलीनगर, बिछड़ी वार्ड संख्या-05, थाना अलीनगर, जनपद चंदौली (उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई जोकि पंडित दीनदयाल उपाध्याय से लखनऊ स्थित PGI मे बेटे के उपचार हेतु यात्रा कर रहे थे ल
उत्तर रेलवे, लखनऊ मंडल के स्टेशन मास्टर (बाबतपुर), लोको पायलट, रेलवे सुरक्षा बल तथा संबंधित कर्मचारियों की त्वरित समन्वित कार्रवाई के परिणामस्वरूप यह बालक सुरक्षित अपने परिवार से मिल सका। यह घटना रेल कर्मचारियों की सजगता, संवेदनशीलता तथा यात्रियों की सुरक्षा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का उत्कृष्ट उदाहरण है।











