बिहार (अफजल इमाम ’’मुन्ना”)। बिहार विधान परिषद की शिक्षक व स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की 8 सीटों के चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। देश के चर्चित चुनावी रणनीतिकार रह चुके जन सुराज पार्टी यानी जेएसपी के सूत्रधार से पहली बार बांकीपुर के विधायक बने प्रशांत किशोर यानी पीके ने पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जद(यू.) प्रत्याशी नीरज कुमार को लेकर बड़ा दावा किया है। पीके ने यहां तक कहा कि वे नीतीश कुमार के नाम पर वोट मांग रहे हैं। चुनौती दी कि बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कैमरे के सामने आकर नीरज कुमार के समर्थन में वोट की अपील कर दें तो जेएसपी अपना प्रत्याशी वापस ले लेगा। पटना शिक्षक विधान परिषद चुनाव में मंगलवार यानी 6 अक्टूबर को नामांकन के अंतिम दिन जन सुराज पार्टी प्रत्याशी डॉ.दिव्या ज्योति की नामांकन सभा में पहुंचे प्रशांत किशोर ने कहा कि नीरज कुमार का कोई समर्थन नहीं कर रहा है और इस बार उनकी हार तय है।
बिहार विधान परिषद चुनाव के मौजूदा राजनीतिक माहौल पर प्रशांत किशोर ने कहा कि भगदड़ जन सुराज पार्टी में नहीं है। भगदड़ सत्तारूढ़ दल में है और वहां लोग यह सोच रहे हैं कि कौन दल छोड़कर भागा और कौन नहीं। उन्होंने दावा किया कि जन सुराज पार्टी पूरी ताकत के साथ चुनाव मैदान में खड़ा है और दूसरे दलों की ताकत भी जन सुराज पार्टी के पीछे है। शिक्षकों और स्नातकों ने मन बना लिया है कि उन्हें सम्राट चौधरी सरकार के खिलाफ मतदान करना है।
प्रशांत किशोर ने कहा कि बिहार में बेहतर शिक्षा व्यवस्था, शिक्षकों को सम्मान और वेतनमान चाहिए तो जन सुराज पार्टी को जिताना होगा। उन्होंने बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह वहां परिवर्तन हुआ, उसी तरह पटना शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भी बदलाव होगा। उन्होंने कहा कि लोग बदलाव चाहते हैं और शिक्षक अपना सम्मान व हक चाहते हैं। प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया कि सरकार इतने वर्षों में शिक्षकों को वेतनमान नहीं दिला सकी। उन्होंने यादवों की हत्या और समाज में अत्याचार के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा और सवाल किया कि ऐसे में जद(यू.) नेता किस आधार पर वोट मांग रहे हैं।
प्रशांत किशोर ने पटना स्नातक क्षेत्र से जद(यू.) प्रत्याशी नीरज कुमार और पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी नवल किशोर यादव की हार का दावा किया। उन्होंने दोनों नेताओं पर अपने हित के लिए काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि शिक्षकों को उनके अधिकार और सम्मान की जरूरत है। जन सुराज पार्टी की ओर से उन्होंने शिक्षक और स्नातक मतदाताओं के मुद्दों को चुनाव का प्रमुख आधार बनाने की बात कही। राजधानी पटना में छज्जू बाग स्थित अदिति कम्युनिटी सेंटर में आयोजित नामांकन सभा में प्रशांत किशोर ने शिक्षकों और स्नातक मतदाताओं के लिए कई वादे भी किए। उन्होंने कहा कि जन सुराज पार्टी की जीत हुई तो लोकसभा चुनाव से पूर्व शिक्षकों को 7वां वेतनमान दिलाया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि यदि जन सुराज पार्टी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में जीतता है तो 10 हजार पढ़े-लिखे बेरोजगार युवाओं को नौकरी दिलाने की दिशा में काम किया जाएगा।









