पंजाब (नितिन): पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा सीजनल दिहाड़ीदार कर्मचारियों के कल्याण और उनकी सेवाओं को नियमित तथा व्यवस्थित ढंग से मान्यता देने के लिए ‘द पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड (वेलफेयर ऑफ सीजनल डेली वेज वर्कर्स) पॉलिसी-2026’ लागू कर दी गई है। इस नीति के तहत बोर्ड के 223 योग्य सीजनल दिहाड़ीदारों को लाभ दिया गया है और नीति अपनाने वाले श्रमिकों को आज कार्यालयी आदेश (ऑफिस ऑर्डर) भी जारी कर दिए गए हैं।
बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. अमरपाल सिंह, आईएएस (सेवानिवृत्त) ने बताया कि जिन दिहाड़ीदारों ने ‘फॉर्म-ए’ भरकर इस नीति को अपनाया है, उन्हें कार्यालयी आदेश जारी किए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह नीति लंबे समय से सेवाएं दे रहे कर्मचारियों के जीवन को व्यवस्थित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। नई नीति के तहत यह निर्धारित किया गया है कि योग्य कर्मचारियों की सेवा 58 वर्ष की आयु तक निरंतर जारी रहेगी और उन्हें उनकी योग्यता के अनुसार क्लैरिकल या ग्रुप-डी के कार्यों के लिए तैनात किया जाएगा। अध्यक्ष के अनुसार, पहले इन कर्मचारियों को महीने में केवल 12 से 18 दिनों की मजदूरी ही मिलती थी, लेकिन अब उन्हें पूरे महीने का वेतन मिलेगा।
इसके अलावा, सालाना 10 छुट्टियां, गजटेड छुट्टियां, शनिवार-रविवार की छुट्टियां और ई.एस.आई. (ESI) तथा ई.पी.एफ. (EPF) जैसी सामाजिक सुरक्षा सुविधाओं का लाभ भी मिलेगा। बोर्ड द्वारा इन कर्मचारियों को विशेष पहचान पत्र और कार्यालयी पहचान संख्या जारी की जा रही है, जिससे इन्हें बोर्ड के भीतर सामान्य कर्मचारियों की तरह पहचान मिलेगी। इस फैसले पर खुशी व्यक्त करते हुए सीजनल दिहाड़ीदारों ने कहा कि पहले उन्हें सेवा संबंधी पहचान की आवश्यकता महसूस होती थी, लेकिन इस नीति ने उनमें सुरक्षा, सम्मान और उत्साह की भावना भर दी है। कर्मचारियों ने इस ऐतिहासिक पहल के लिए पंजाब सरकार और बोर्ड प्रबंधन का तहे दिल से धन्यवाद किया।









