महानगर के बहुचर्चित प्रॉपर्टी कारोबारी हरजिंदर सिंह उर्फ हैरी झंडा की खौफनाक हत्या के मामले में आखिरकार 5 दिनों से चला
पंजाब,नितिन : महानगर के बहुचर्चित प्रॉपर्टी कारोबारी हरजिंदर सिंह उर्फ हैरी झंडा की खौफनाक हत्या के मामले में आखिरकार 5 दिनों से चला आ रहा गतिरोध समाप्त हो गया है। पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा के हस्तक्षेप और निष्पक्ष कार्रवाई के ठोस आश्वासन के बाद परिजन शव का पोस्टमार्टम कराने और अंतिम संस्कार के लिए राजी हो गए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जो खुलासे हुए हैं, वे हमलावरों की दरिंदगी और खौफनाक मंशा को दर्शाते हैं।
पुलिस प्रशासन द्वारा डॉ. विशाल, डॉ. हरप्रीत और डॉ. मोहित पर आधारित तीन डॉक्टरों का विशेष मेडिकल बोर्ड गठित किया गया था, जिन्होंने हरजिंदर के शव का गहनता से पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि हरजिंदर को दो गोलियां मारी गई थी। पहली गोली पेट में बाईं तरफ लगी और दाईं तरफ से निकलती हुई बाजू को छूकर निकल गई। पेट में गोली लगने से अंदरूनी अंग पूरी तरह फट गए, जो उसकी मौत का मुख्य कारण बने। जबकि दूसरी गोली उसकी जांघ में लगी। इसके अलावा, आरोपियों ने दरिंदगी की सारी हदें पार करते हुए तेजधार हथियारों से हमला कर उसकी दोनों टांगें और एक बाजू तोड़ दी थी। हरजिंदर के सिर पर भी गंभीर और गहरा चोट का निशान पाया गया है।
सी.पी. स्वप्न शर्मा के आश्वासन के बाद माने परिजन
उल्लेखनीय है कि 8 अगस्त की देर रात हरजिंदर अपने दोस्तों के साथ खाना खाने के बाद दोस्त की एक्टिवा उठाने गया था, तभी घात लगाकर बैठे आरोपियों ने उसे घेरकर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं और तेजधार हथियारों से हमला कर उसकी निर्मम हत्या कर दी थी। आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजन पिछले 5 दिनों से शव का संस्कार न करने पर अड़े हुए थे। पुलिस द्वारा 2 आरोपियों को पकड़े जाने के बाद भी गतिरोध बना रहा। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा ने परिजनों के साथ खुद बैठक की और समझाया कि पोस्टमार्टम में देरी से केस की वैज्ञानिक जांच प्रभावित हो सकती है। सी.पी. द्वारा अदालत में केस को मजबूती से पेश करने और सभी आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के आश्वासन के बाद परिवार वाले राजी हुए।
कड़ी सुरक्षा के बीच नम आंखों से दी अंतिम विदाई
पोस्टमार्टम प्रक्रिया पूरी होने के बाद कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच हरजिंदर के शव को पहले उसके घर और फिर श्मशान घाट ले जाया गया। पारिवारिक रीति-रिवाजों के साथ उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस दौरान परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था और पूरे इलाके में शोक और मातम का माहौल छाया रहा।
वारदात में इस्तेमाल कार के मालिक अमन को प्रोडक्शन वारंट पर लाई पुलिस
पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ में पुलिस के हाथ कई अहम सुराग लगे हैं। पुलिस ने सेंट्रल जेल में बंद अमनदीप सिंह उर्फ काका को बुधवार को प्रोडक्शन वारंट पर लाकर अदालत में पेश किया और गहन पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस ने इस हत्याकांड में काका को भी नामजद किया है। जांच के दौरान खुलासा हुआ है कि वारदात की रात मुख्य आरोपी रवि कुमार और उसके साथी जिस कार में सवार होकर आए थे, वह गाड़ी जेल में बंद अमनदीप सिंह उर्फ काका के नाम पर रजिस्टर्ड है।
पिटाई की वीडियो बनी कत्ल की वजह, मोबाइल गायब
सूत्रों के अनुसार, हैरी झंडा ने कुछ समय पहले रवि गैंग के गुर्गों की जमकर पिटाई की थी और उसका वीडियो भी अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया था। इस वीडियो से गैंग के सदस्य बौखलाए हुए थे और हैरी से रंजिश रख रहे थे। कत्ल की वारदात के बाद से हैरी का मोबाइल फोन गायब है। पुलिस सूत्रों का मानना है कि मोबाइल में कई अहम सबूत और वीडियो हो सकते हैं, जिन्हें छिपाने के लिए आरोपी फोन साथ ले गए। पुलिस टीम मोबाइल की लोकेशन और रिकवरी के लिए लगातार प्रयासरत है।











